बॉलीवुड अभिनेता राजपाल यादव ने सिंगर दलेर मेहंदी का समर्थन करते हुए उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल के व्यवहार पर सवाल उठाए हैं। टिहरी में आयोजित कुंजापुरी मेले के दौरान दलेर मेहंदी की लाइव परफॉर्मेंस को लेकर विवाद सामने आया था। इस मामले में कथित तौर पर शराब सेवन को लेकर सवाल उठाए जाने के बाद अब फिल्म और संगीत जगत की कई हस्तियां सिंगर के पक्ष में अपनी बात रख रही हैं।
राजपाल यादव ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा कर दलेर मेहंदी का बचाव किया। उन्होंने अपने अनुभव का जिक्र करते हुए कहा कि दलेर मेहंदी शराब नहीं पीते हैं। अभिनेता के मुताबिक, वह सिंगर के साथ फिल्म ‘वेलकम टू द जंगल’ में काम कर चुके हैं और उनकी तबीयत भी इन दिनों ठीक नहीं चल रही है।
राजपाल यादव ने कलाकारों के सम्मान की बात कही
राजपाल यादव ने अपने वीडियो में कला और कलाकारों के सम्मान पर जोर दिया। उन्होंने मंत्री सुबोध उनियाल को संबोधित करते हुए कहा कि कला को खरीदा नहीं जा सकता, क्योंकि कला अपने आप में एक जीवन है और उसका सम्मान किया जाना चाहिए।
अभिनेता की इस प्रतिक्रिया को दलेर मेहंदी के समर्थन के तौर पर देखा जा रहा है। उनका कहना है कि किसी भी कलाकार के साथ सार्वजनिक मंच पर सम्मानजनक व्यवहार होना चाहिए। राजपाल के बयान के बाद कुंजापुरी मेले से जुड़ा विवाद एक बार फिर चर्चा में आ गया है।
कुंजापुरी मेले में क्या हुआ था?
यह विवाद उत्तराखंड के टिहरी में आयोजित कुंजापुरी मेले के दौरान दलेर मेहंदी की प्रस्तुति से जुड़ा है। कार्यक्रम के दौरान कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल और सिंगर के बीच कथित शराब सेवन को लेकर सवाल-जवाब की बात सामने आई थी। इसके बाद सोशल मीडिया पर इस घटनाक्रम को लेकर बहस शुरू हो गई।
हालांकि, दलेर मेहंदी पर शराब सेवन को लेकर लगाए गए आरोपों और कार्यक्रम के दौरान हुई बातचीत से जुड़ी बातों को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। ऐसे में पूरे घटनाक्रम को समझने के लिए संबंधित पक्षों के बयानों को ध्यान में रखना जरूरी है।
मीका सिंह और अनुपम खेर भी कर चुके हैं समर्थन
राजपाल यादव से पहले सिंगर मीका सिंह और अभिनेता अनुपम खेर भी दलेर मेहंदी के समर्थन में सामने आए थे। मीका सिंह ने अपने भाई का पक्ष रखते हुए उनके स्वास्थ्य और लंबे समय से चली आ रही संगीत यात्रा का जिक्र किया था।
राजपाल यादव ने भी अपने अनुभव के आधार पर दलेर मेहंदी का बचाव किया है। उनके बयान से साफ है कि वह इस पूरे मामले में कलाकार के सम्मान को अहम मानते हैं।
मंत्री सुबोध उनियाल ने भी दी प्रतिक्रिया
विवाद के बीच उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने भी अपनी बात रखी। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, उन्होंने कहा कि यदि दलेर मेहंदी की तबीयत खराब थी, तो उन्हें कार्यक्रम में शामिल नहीं होना चाहिए था।
मंत्री ने यह भी कहा कि उन्हें कई लोगों के फोन आए थे, जिनमें सिंगर की दवा लेने से जुड़ी बात स्पष्ट करने का अनुरोध किया गया था। हालांकि, उन्होंने इस संबंध में बयान देने से इनकार करने की बात कही।
कलाकार के सम्मान पर छिड़ी बहस
कुंजापुरी मेले में हुई घटना के बाद अब यह मामला केवल एक लाइव परफॉर्मेंस तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कलाकारों के सम्मान, सार्वजनिक मंच पर व्यवहार और स्वास्थ्य से जुड़े सवालों पर भी चर्चा हो रही है।
राजपाल यादव की प्रतिक्रिया ने इस विवाद में एक नया मोड़ जोड़ दिया है। फिलहाल, अलग-अलग पक्षों के बयान सामने आ रहे हैं और मामले को लेकर लोगों की प्रतिक्रियाएं जारी हैं।








