केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था, निवेश और युवाओं के लिए बढ़ते अवसरों को लेकर सरकार की नीतियों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि एक समय उत्तर प्रदेश में माफिया का शासन चलता था, लेकिन 2017 में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनने और योगी आदित्यनाथ के मुख्यमंत्री बनने के बाद राज्य में माफिया के खिलाफ कार्रवाई की गई।
अमित शाह ने कहा कि कानून-व्यवस्था में सुधार के कारण उत्तर प्रदेश में निवेश का माहौल बना है। उनके मुताबिक किसी भी राज्य में निवेश आकर्षित करने के लिए सबसे पहले बेहतर कानून-व्यवस्था जरूरी है। इसके साथ ही अनुकूल औद्योगिक नीति, सक्रिय सरकार और निवेशकों की मदद करने की इच्छाशक्ति भी जरूरी है।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में ये चारों चीजें मौजूद हैं और इसी वजह से राज्य में निवेश का वातावरण तैयार हुआ है। उत्तर प्रदेश सरकार की निवेश नीतियों में भी औद्योगिक निवेश, रोजगार, क्षेत्रवार नीतियों और निवेश सुविधा पर जोर दिया गया है।
युवाओं के लिए अवसर बढ़ने का दावा
अमित शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश में अलग-अलग क्षेत्रों में युवाओं को आगे बढ़ने के अवसर मिल रहे हैं। उन्होंने राज्य में मेट्रो सेवाओं के विस्तार का भी उल्लेख किया और कहा कि वर्तमान में यूपी के सात शहरों में मेट्रो का संचालन हो रहा है।
उन्होंने कहा कि बुनियादी ढांचे और विकास से जुड़े कामों के साथ युवाओं के लिए रोजगार और आगे बढ़ने के अवसर भी तैयार हो रहे हैं। उत्तर प्रदेश में निवेश और औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार की ओर से अलग-अलग सेक्टर की नीतियां भी लागू की गई हैं।
‘एक जिला, एक उत्पाद’ योजना का किया जिक्र
अमित शाह ने उत्तर प्रदेश की ‘एक जिला, एक उत्पाद’ (ODOP) योजना का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इस योजना के माध्यम से प्रदेश के पारंपरिक उत्पादों और स्थानीय कारोबार को पहचान दिलाने का प्रयास किया गया है।
उन्होंने भदोही की दरी, मुरादाबाद के पीतल और बनारस की साड़ी का उदाहरण देते हुए कहा कि इन उत्पादों ने अपनी अलग पहचान बनाई है। ODOP योजना के जरिए स्थानीय स्तर पर तैयार होने वाले ऐसे उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराने और उनकी पहचान को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया है। केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से भी ODOP को स्थानीय उद्योग और रोजगार से जोड़ने पर जोर दिया जाता रहा है।
निवेश और औद्योगिक विकास पर जोर
अमित शाह ने अपने संबोधन में उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए जरूरी परिस्थितियों का उल्लेख करते हुए कानून-व्यवस्था और औद्योगिक नीतियों को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि निवेशकों के लिए केवल नीतियां बनाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि सरकार का सक्रिय सहयोग और मदद की भावना भी जरूरी है।
उत्तर प्रदेश की मौजूदा निवेश व्यवस्था में अलग-अलग क्षेत्रों के लिए सेक्टर-विशिष्ट नीतियां और निवेश सुविधा के लिए सिंगल-विंडो व्यवस्था भी शामिल है। राज्य की आधिकारिक निवेश एजेंसी के अनुसार, प्रदेश में इलेक्ट्रॉनिक्स, सेमीकंडक्टर, डिफेंस, डेटा सेंटर, ईवी, फूड प्रोसेसिंग और अन्य क्षेत्रों के लिए अलग-अलग नीतियां मौजूद हैं।
‘उत्तर प्रदेश तेजी से आगे बढ़ेगा’
अमित शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश में हर क्षेत्र में युवाओं को अवसर मिल रहे हैं और राज्य तेजी से आगे बढ़ेगा। उन्होंने प्रदेश के विकास और भविष्य के लिए शुभकामनाएं भी दीं।
अमित शाह के बयान में कानून-व्यवस्था, निवेश, औद्योगिक नीति, युवाओं के अवसर और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने जैसे मुद्दे प्रमुख रहे। उत्तर प्रदेश में निवेश आकर्षित करने के लिए राज्य सरकार की ओर से औद्योगिक नीतियों और निवेश सुविधा को लगातार विस्तार देने की बात कही गई है।








