छतरपुर विधानसभा का विकास नहीं होने के जिम्मेदारर हम सब लोग खुद हैं क्योंकि हमने गलत प्रत्याशी को चुना है। जो पैसे वह शराब की गंगा बहाकर जीता है ना की पिछले विधानसभा का एमएलए रहते हुए कोई कार्य करके। दल बदलू होकर पार्टी बदलकर फिर चुनाव जीत गया इसके जिम्मेवार हम सब लोग हैं।
आया नगर व्हाट्सएप ग्रुप पर कुछ लोग जेब गर्म करके विधायक के ठेकेदार बने हुए हैं, परंतु उनको पहले गांव का विकास देखना चाहिए बाकी चुपड़ी- चुपड़ी बातें करके नेता की चापलूसी नहीं करनी चाहिए। जैसा कि आया नगर कॉलोनी की गालियां, रोड, नाले, सीवर, बिजली, पानी की समस्या सबके सामने है। ग्रुप में समस्या के बारे में बात करनी चाहिए तथा समाधान खुद निकालना चाहिए क्योंकि भारत के प्रधानमंत्री पहले ही कह चुके हैं की आत्मनिर्भर बनो।
आया नगर ही नहीं छतरपुर विधानसभा का बुरा हाल है। छतरपुर से फतेहपुर बेरी का बहुत बुरा हाल है, जिस पर पिछले तीन महीने से मेन रोड पर सिविर लाइन का कार्य चल रहा है परंतु रोड पर खड़ा खड्डे में सड़क नजर आ रही है। जिसमें घटिया क्वालिटी व लोकल पाइपों से कार्य किया जा रहा है उस पर सब चुप हैं क्योंकि ठेकेदार विधायक का परिवार से बताया जा रहा है। छतरपुर से फतेहपुर तक जाने में 2 से 3 घंटे लगते हैं सबसे बुरा हाल हमारे छोटे-छोटे बच्चे जो स्कूल की गाड़ियों में बैठे-बैठे गर्मी में परेशान होते हैं। बीमार लोगों को अस्पताल पहुंचने में 2 से 3 घंटा एंबुलेंस में जाम में फंसा रहता है।
परंतु नेता है कि मानते नहीं कहते हैं पैसे वह शराब के दम पर जीते हैं हमें कार्य करने की जरूरत नहीं।
मेरी अपनी राय है अगला नेता चुनने से पहले निम्न बातों का ध्यान जरूर रखना चाहिए।
किसी भी पार्टी का नेता समाजसेवी, ईमानदार, कर्मठ, निडर होना चाहिए।
चाहे किसी भी जाति का क्यों ना हो नहीं तो अगली बार भी यही दोहराया जाएगा और हम सब आपस में ग्रुप पर लड़ते रहेंगे।
1. किसी भी पार्टी का नेता हो वह बिल्डर: ठेकेदार: प्रॉपर्टी डीलर: तथा उसके भाई भतीजे ठेकेदार नहीं होने चाहिए।
2. नेता समाजसेवी ईमानदार साफ सुथरी छवि का होना चाहिए ना कि हमें पार्टी देखनी चाहिए आजाद उम्मीदवार भी बनाया जा सकता है नेता में कार्य करने का दम तथा ईमानदारी होनी चाहिए।
3. अबकी बार नेता चुनने से पहले नेता पर करप्शन, इनकम टैक्स का झमेला नहीं होना चाहिए जैसा कि अबकी बार हुआ है।
4. आया नगर ग्रुप पर कई दिन से कॉलोनी वासी आपस मैं लड़ रहे हैं चलो बीजेपी से तो आज विधायक जीता है पहली बार तो आम पार्टी से विधायक रह चुका है पिछले 10 साल में क्यों नहीं आया नगर का विकास क्यों नहीं किया गया?????
एकता में बहुत बड़ी ताकत है हम सबको मिलकर लड़ना चाहिए। यदि नेता कार्य नहीं करते हैं तो हमारी सबकी आर डब्ल्यू ए बनाकर शिकायत भेज कर गुगी बहरी सोई हुई सरकारों को जगाया जा सकता है।
चुनाव में नेता बरसाती मेंढक की तरह बिल से बाहर निकल आते हैं और बरसात जाने के बाद यानी चुनाव बीत जाने के बाद अपने बिल में दोबारा घुस जाते हैं। अगला नेता चुनने से पहले उसको कसम दिलवाई जाए कि वह पैसे तथा शराब नहीं बाटेगा तथा हम सबको भी कसम खानी चाहिए कि चुनाव के समय हम किसी की शराब तथा पैसा नहीं लेंगे तभी विकास होगा अन्यथा नहीं सभी को पता है विधानसभा चुनाव में क्या हुआ है?
इस पर सभी समाजसेवी भाई बहन माताएं सोच विचार जरूर करें।
यह मेरी अपनी पर्सनल राय है किसी पर कोई आरोप नहीं लगा रहा हूं
किरण सिंह तंवर
किन्नी टाइम्स


