तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन की तबीयत सोमवार सुबह अचानक बिगड़ गई। मॉर्निंग वॉक के दौरान उन्हें चक्कर आया और कमजोरी महसूस हुई, जिसके बाद उन्हें तुरंत चेन्नई के अपोलो हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। अस्पताल द्वारा जारी प्रेस रिलीज में बताया गया कि स्टालिन की हालत पर डॉक्टर लगातार नजर रखे हुए हैं और उनका इलाज जारी है।
हाल ही में बड़े भाई एम.के. मुथु का हुआ था निधन
यह घटना उस वक्त हुई है जब मुख्यमंत्री पहले से ही मानसिक रूप से एक पारिवारिक शोक से गुजर रहे हैं। बीते शनिवार को उनके बड़े भाई एम.के. मुथु (77 वर्ष) का उम्र संबंधी बीमारियों के कारण निधन हो गया था।
एम.के. मुथु एक तमिल अभिनेता और पार्श्व गायक थे, और दिवंगत मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि के सबसे बड़े बेटे थे। मुथु के निधन पर सीएम स्टालिन ने उन्हें भावुक श्रद्धांजलि दी थी।
स्टालिन ने जताया था गहरा दुख
अपने भाई के निधन पर स्टालिन ने सोशल मीडिया पर लिखा था:
“कलैगनार परिवार के सबसे बड़े बेटे, मेरे प्यारे भाई एम.के. मुथु के निधन की खबर आज सुबह मेरे लिए एक बड़े झटके के समान थी। उन्होंने मेरी माता-पिता की तरह देखभाल की। उनका जाना मेरे लिए अत्यंत पीड़ादायक है।”
एम.के. स्टालिन: राजनीतिक और पारिवारिक पृष्ठभूमि
एम.के. स्टालिन, तमिलनाडु के वर्तमान मुख्यमंत्री और डीएमके (DMK) के प्रमुख नेता हैं। वे दिवंगत मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि और उनकी पत्नी दयालु अम्मल के बेटे हैं।
उनका नाम सोवियत नेता जोसेफ स्टालिन के नाम पर रखा गया था, जिनका निधन स्टालिन के जन्म के केवल चार दिन बाद हुआ था।
स्टालिन ने चेन्नई के न्यू कॉलेज से इतिहास में स्नातक की डिग्री ली। राजनीति में उनकी शुरुआत केवल 14 वर्ष की उम्र में 1967 में हुई थी। इसके बाद 1984 में उन्हें DMK की युवा शाखा का सचिव नियुक्त किया गया।
स्थिति पर नजर बनाए हुए है सरकार और पार्टी
अस्पताल की ओर से अब तक स्टालिन की हालत को लेकर कोई गंभीर चिंता की बात सामने नहीं आई है। डीएमके पार्टी और तमिलनाडु सरकार की ओर से भी यह स्पष्ट किया गया है कि मुख्यमंत्री की सेहत में धीरे-धीरे सुधार हो रहा है और डॉक्टरों की निगरानी में वे ठीक हो रहे हैं।








