ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते सैन्य टकराव का सीधा असर अब वैश्विक हवाई यातायात पर दिखने लगा है। ईरान पर इजरायली हमलों और तेहरान में हुए विस्फोटों के बाद खाड़ी क्षेत्र के कई देशों ने सुरक्षा कारणों से अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया है। इससे दुनिया भर की सैकड़ों उड़ानें रद्द या डायवर्ट करनी पड़ी हैं।
UAE में आंशिक रूप से एयरस्पेस बंद
संयुक्त अरब अमीरात के नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (GCAA) ने एहतियातन देश के हवाई क्षेत्र को अस्थायी और आंशिक रूप से बंद करने का फैसला किया है। प्राधिकरण के अनुसार, यह निर्णय राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के साथ समन्वय कर सुरक्षा जोखिमों के आकलन के बाद लिया गया। यात्रियों को अपनी-अपनी एयरलाइंस से संपर्क करने की सलाह दी गई है, जबकि एयरलाइंस को यात्रियों को ठहरने और अन्य जरूरी सहायता देने के निर्देश दिए गए हैं।
कुवैत और कतर ने भी उड़ानों पर लगाई रोक
क्षेत्रीय तनाव को देखते हुए कुवैत और कतर ने भी अपने एयरस्पेस को बंद कर दिया है। कुवैत के नागरिक उड्डयन अधिकारियों ने कहा कि फिलहाल हवाई क्षेत्र कब तक बंद रहेगा, इसकी कोई समयसीमा तय नहीं की गई है।
ईरान में छह घंटे के लिए पूर्ण प्रतिबंध
तेहरान में सिलसिलेवार विस्फोटों के बाद ईरान के नागरिक उड्डयन संगठन ने पूरे देश के हवाई क्षेत्र को छह घंटे के लिए पूरी तरह बंद करने की घोषणा की। ईरानी मीडिया के मुताबिक, राजधानी और आसपास के इलाकों में लगातार हवाई हमलों की खबरें सामने आईं, जबकि इजरायल ने ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान शुरू करने की पुष्टि की।
इराक ने भी आसमान किया सील
हमलों के बाद इराक ने भी अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया है। अधिकारियों के अनुसार, एयरस्पेस बंद करने से पहले सभी तरह की उड़ानों को रोक दिया गया। एरबिल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर भी अगले आदेश तक सभी आवागमन निलंबित कर दिए गए हैं।
बहरीन में मिसाइल हमले का दावा
बहरीन में राष्ट्रीय संचार केंद्र ने दावा किया है कि देश के भीतर स्थित कुछ ठिकानों को सीमा के बाहर से किए गए हमलों में निशाना बनाया गया। इसे देश की संप्रभुता का उल्लंघन बताया गया है। साथ ही यह भी कहा गया कि पांचवें बेड़े से जुड़ी एक सेवा सुविधा पर मिसाइल हमला हुआ है।
कुल मिलाकर, ईरान–इजरायल संघर्ष ने पूरे खाड़ी क्षेत्र की सुरक्षा स्थिति को गंभीर बना दिया है, जिसका सीधा असर अंतरराष्ट्रीय विमानन सेवाओं और यात्रियों पर पड़ रहा है।








