बिहार की हाईप्रोफाइल बांकीपुर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव के चौंकाने वाले नतीजों ने देश की सियासत में हलचल तेज कर दी है। सालों से भारतीय जनता पार्टी का अभेद्य किला मानी जाने वाली इस सीट पर जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने ऐतिहासिक जीत दर्ज करते हुए बीजेपी को करारी शिकस्त दी है। तीन दशक पुराने इस बीजेपी गढ़ के ढहने के बाद अब विपक्षी दल आक्रामक हो गए हैं। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस हार को लेकर बीजेपी और केंद्र सरकार पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है।
राजनीति तक नया सियासी पारा चढ़ा दिया
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर बीजेपी पर करारा तंज कसते हुए लिखा कि भगवान को नचाने का अहंकार रखने वालों को आखिरकार भगवान ने ही अपनी धुन पर नचा दिया है। उन्होंने तीखी टिप्पणी करते हुए आगे कहा कि जो लोग खुद को भगवान से भी ऊपर समझने की भूल कर रहे थे, भगवान ने उन्हें चलती गाड़ी से नीचे उतार फेंका है और इसके साथ ही उनके घमंड का सारा बुखार भी उतार दिया है। अखिलेश यादव के इस बयान ने बिहार से लेकर यूपी की राजनीति तक नया सियासी पारा चढ़ा दिया है।
जनता के आक्रोश का सीधा जवाब
अखिलेश यादव ने इस चुनावी नतीजे को युवाओं की अटूट एकता और उनके अभिभावकों के गुस्से का संयुक्त परिणाम बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में वोट चोरी, पेपर लीक, नौकरियों की हेराफेरी, आरक्षण में कटौती, बढ़ती महंगाई और युवाओं पर लगातार हो रहे प्रहारों की वजह से जनता में भारी नाराजगी थी। अखिलेश के मुताबिक बांकीपुर का यह जनमत सिर्फ एक सीट का चुनाव परिणाम नहीं है, बल्कि सत्ता के अहंकार के खिलाफ आम जनता के आक्रोश का सीधा जवाब है।







