नई दिल्ली: दिल्ली में गुरुवार से बिना वैध प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र (PUC) वाले वाहनों को पेट्रोल और डीजल नहीं मिलेगा। सरकार ने ‘नो PUC, नो फ्यूल’ व्यवस्था को सख्ती से लागू करने का फैसला किया है। हालांकि, नियम लागू होने से एक दिन पहले बुधवार को राजधानी के कई पेट्रोल पंपों पर इसकी तैयारियों का खास असर नजर नहीं आया।
कनॉट प्लेस, बाबा खड़क सिंह मार्ग, जनपथ, राजेंद्र प्लेस, आरके पुरम और मुनिरका समेत कई पेट्रोल पंपों पर बने PUC केंद्रों पर अपेक्षाकृत कम भीड़ रही। अधिकतर जगहों पर पेट्रोल-डीजल भरवाने वाले वाहनों की स्थिति सामान्य दिनों जैसी ही दिखाई दी। कई वाहन चालकों को नए नियम की पूरी जानकारी भी नहीं थी।
500 पेट्रोल पंपों पर कैमरों से होगी निगरानी
सरकार के मुताबिक, दिल्ली में करीब 500 ANPR कैमरों से लैस पेट्रोल पंपों पर नियम की निगरानी की जाएगी। बिना वैध PUC प्रमाणपत्र के वाहन चलाने वालों के खिलाफ प्रवर्तन कार्रवाई भी की जाएगी।
नियमों का उल्लंघन करने पर मोटर वाहन कानून के तहत 10 हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। इसके अलावा प्रदूषण नियंत्रण के लिए AI आधारित कमांड एंड कंट्रोल सेंटर को भी सक्रिय किया जा रहा है। निगरानी और कार्रवाई के लिए 334 प्रवर्तन टीमें तैनात की गई हैं।
कई वाहन चालकों को नहीं थी पूरी जानकारी
पेट्रोल पंपों पर वाहन चालकों से बातचीत में सामने आया कि कई लोगों को PUC प्रमाणपत्र की जरूरत के बारे में जानकारी थी, लेकिन उन्हें यह पता नहीं था कि वैध PUC नहीं होने पर पेट्रोल या डीजल भी नहीं मिलेगा।
सरकार ने एक अक्टूबर से ‘नो PUC, नो फ्यूल’ व्यवस्था लागू करने की घोषणा की है। इसके तहत वैध प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र नहीं होने पर वाहनों को पेट्रोल, डीजल समेत ईंधन नहीं दिया जाएगा।
PUC केंद्रों पर भी कम रही भीड़
कई पेट्रोल पंप संचालकों के मुताबिक, बुधवार को PUC बनवाने के लिए आने वाले वाहन चालकों की संख्या उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। एक पेट्रोल पंप संचालक ब्रिजेश ने बताया कि बुधवार दिन में करीब 35 वाहन ही PUC बनवाने पहुंचे।
उन्होंने बताया कि PUC बनवाने की प्रक्रिया में वाहन मालिक के मोबाइल नंबर पर OTP आता है। ऐसे में जिन वाहन मालिकों का मोबाइल नंबर बदल गया है या पुराना नंबर बंद हो चुका है, उन्हें प्रमाणपत्र बनवाने में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
नियम लागू होने के बाद बढ़ सकती है जागरूकता
पेट्रोल पंपों पर बुधवार को सामान्य स्थिति रहने के बावजूद गुरुवार से नियम सख्ती से लागू होने के बाद वाहन चालकों के बीच जागरूकता बढ़ने की उम्मीद है। प्रशासन की ओर से निगरानी, कैमरों और प्रवर्तन टीमों के जरिए नियम का पालन सुनिश्चित करने की तैयारी की गई है।
सरकार का उद्देश्य इस व्यवस्था के जरिए बिना वैध PUC वाले वाहनों पर कार्रवाई करना और दिल्ली में वाहनों से होने वाले प्रदूषण पर नियंत्रण मजबूत करना है।







