एशियन गेम्स में भारत का कबड्डी डबल धमाका, पुरुष टीम ने ईरान को हराकर जीता गोल्ड

SHARE:

नई दिल्ली: एशियन गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन जारी है। कबड्डी के मैदान पर भारत ने बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए पुरुष वर्ग का गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। फाइनल मुकाबले में भारतीय टीम ने ईरान को 40-34 से हराकर स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया।

इस जीत के साथ भारत ने एशियन गेम्स में अपना चौथा गोल्ड मेडल हासिल किया। खास बात यह रही कि पुरुषों से पहले भारतीय महिला कबड्डी टीम भी ईरान को हराकर स्वर्ण पदक जीत चुकी थी।

हाफ टाइम तक ईरान के पास थी बढ़त

फाइनल मुकाबले की शुरुआत दोनों टीमों के बीच कड़े मुकाबले के साथ हुई। ईरान ने शुरुआती दौर में भारतीय टीम पर दबाव बनाया और पहले हाफ की समाप्ति तक 18-17 की बढ़त बना ली।

हालांकि, दूसरे हाफ में भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार वापसी की। रेडिंग में अर्जुन देशवाल ने अहम अंक जुटाए, जबकि डिफेंस में सुमित और राहुल ने ईरानी रेडरों को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

ईरान की ओर से शादलोई ने कई मौकों पर भारत के सामने चुनौती पेश की, लेकिन भारतीय डिफेंस ने मुकाबले के निर्णायक दौर में अपनी पकड़ मजबूत कर ली।

आखिरी मिनटों में भारत ने पलटा मैच

मुकाबले के आखिरी छह मिनट बेहद अहम रहे। इसी दौरान भारतीय टीम ने बढ़त हासिल की और इसके बाद ईरान को वापसी का मौका नहीं दिया।

भारतीय खिलाड़ियों ने दबाव के बीच धैर्य बनाए रखा और आखिरकार मुकाबला 40-34 से अपने नाम कर लिया।

महिला टीम भी बनी चैंपियन

पुरुष टीम की गोल्ड मेडल जीत से पहले भारतीय महिला कबड्डी टीम ने भी शानदार प्रदर्शन किया था। महिला फाइनल में भारत ने ईरान को 37-34 से हराकर स्वर्ण पदक जीता।

इस तरह एक ही दिन भारत ने कबड्डी के महिला और पुरुष दोनों वर्गों में ईरान को हराकर गोल्ड मेडल हासिल किया।

भारत के खाते में पहुंचे 4 गोल्ड

पुरुष कबड्डी टीम की जीत के बाद एशियन गेम्स 2026 में भारत के स्वर्ण पदकों की संख्या चार हो गई है। भारत ने प्रतियोगिता में कबड्डी के अलावा अन्य स्पर्धाओं में भी पदक हासिल किए हैं।

मैराथन में सावन बरवाल ने सिल्वर मेडल जीतकर भारत को 44 साल बाद पुरुष मैराथन में एशियन गेम्स का पदक दिलाया। वहीं मिक्स्ड डबल्स स्क्वैश में जोशना चिनप्पा और वेलवन सेंथिलकुमार ने ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया।

अब भारतीय फैंस की नजरें प्रतियोगिता में भारत के अगले मुकाबलों और आने वाले पदकों पर टिकी हैं।

Kinni Times
Author: Kinni Times

सबसे ज्यादा पड़ गई