नई दिल्ली: दिल्ली को साफ-सुथरा और मच्छरजनित बीमारियों से मुक्त बनाने के उद्देश्य से एमसीडी ने शनिवार को उत्तर-पश्चिमी दिल्ली में स्वच्छता और जनस्वास्थ्य से जुड़ी कई गतिविधियों का आयोजन किया। महापौर प्रवेश वाही ने प्रशांत विहार में ‘दिल्ली को कूड़े से आजादी’ अभियान के तहत आयोजित मेगा मार्च में हिस्सा लिया और करीब दो किलोमीटर तक पैदल चलकर श्रमदान किया।
मेगा मार्च में उत्तर-पश्चिम क्षेत्र के उपायुक्त अंशुल सिरोही के अलावा एमसीडी के अधिकारी, सफाई कर्मचारी और स्थानीय नागरिक भी शामिल हुए। इस दौरान इलाके में स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के साथ लोगों को साफ-सफाई के प्रति जागरूक किया गया।
सड़क किनारे पेड़ों की छंटाई और अतिक्रमण हटाने के निर्देश
मेयर ने अभियान के दौरान अधिकारियों को सड़क किनारे पेड़ों की छंटाई कराने, सड़कों से अतिक्रमण हटाने और गड्ढों को भरने के निर्देश दिए। उन्होंने क्षेत्र में सफाई व्यवस्था की स्थिति का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को जरूरी कार्रवाई करने को कहा।
अभियान के दौरान मच्छरों की रोकथाम के लिए मच्छररोधी दवा का छिड़काव भी किया गया। वहीं, स्थानीय लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के लिए नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया। इसके जरिए साफ-सफाई बनाए रखने और कूड़ा खुले में नहीं फेंकने का संदेश दिया गया।
रोहिणी में एंटी डेंगू माह जागरूकता कार्यक्रम
मेगा मार्च के बाद महापौर ने रोहिणी सेक्टर-8 में एंटी डेंगू माह जागरूकता कार्यक्रम का उद्घाटन किया। कार्यक्रम में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसी मच्छरजनित बीमारियों की रोकथाम पर विशेष जोर दिया गया।
महापौर ने लोगों से अपने आसपास पानी जमा नहीं होने देने और स्वच्छता बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि मच्छरजनित बीमारियों की रोकथाम के लिए प्रशासन के प्रयासों के साथ नागरिकों की भागीदारी भी बेहद जरूरी है।
एमसीडी की ओर से चलाए गए इन अभियानों का उद्देश्य स्वच्छता व्यवस्था को मजबूत करने के साथ-साथ मानसून के दौरान मच्छरजनित बीमारियों के खतरे को कम करना है। अधिकारियों और नागरिकों की संयुक्त भागीदारी से दिल्ली के विभिन्न इलाकों में स्वच्छता और जागरूकता अभियान आगे भी जारी रखने पर जोर दिया जा रहा है।








